जानिए दुनिया के अलग अलग मुल्कों में कितने घंटे का रोज़ा

दुनिया के अलग अलग मुल्कों में अलग टाइम जोन और सूरज उगने और अस्त होने का समय अलग अलग होने की वजह से रोजे का समय एक जैसा नहीं होता. चलिए जानते हैं कहां कितना लंबा रोज़ा होता है.

हर धर्म का अपना एक धार्मिक कैलेंडर होता है जिसके मुताबिक उस धर्म के लोग की अपने रोज़मर्रा के काम करते हैं. कैलेंडर के मुताबिक ही लोग अपने धार्मिक उत्सव और त्योहारों को मानते हैं.

इस्लामिक कैलेंडर का अनुपालन सभी मुसलमान करते हैं. इस्लामी कैलेंडर का नौवां महीना रमज़ान है जिसे अरबी ज़ुबान में रमादान कहते हैं. यह दुनिया भर के मुसलमानों के लिए सबसे पवित्र महीना है. इसे सब्र यानी संयम को मजबूत करने और बुरी आदतों को छोड़ने का जरिया भी माना जाता है. मुसलमान महीने भर सुबह सूरज उगने से लेकर सूरज छिपने तक बिना खाए पिये रहते हैं. रोजेदार सवेरे बहुत जल्दी उठ जाते हैं और सुबह से पहले ही खा लेते हैं जिसे सहरी कहते हैं. और शाम को वे इफ्तार के साथ अपना रोजा खोलते हैं. दुनिया के कई मुल्कों में अलग-अलग टाइम जोन होने की वजह से रोज़े का समय एक जैसा नहीं होता.

जानिए दुनिया के अलग अलग देशों में कितने समय का है रोज़ा

मरमंसक (रूस) : 20 घंटे 45 मिनट (सबसे लंबा), फेयरबैंक्स (अलास्का) 19 घंटे 17 मिनट, लंदन (इंग्लैंड) 17 घंटे 51 मिनट, रोम (इटली) 15 घंटे 55 मिनट, तेहरान (ईरान) 15 घंटे 26 मिनट, बग़दाद (इराक़) 15 घंटे 14 मिनट, इस्लामाबाद (पाकिस्तान) 14 घंटे 14 मिनट, लॉस एंजेलिस (अमेरिका) 15 घंटे 1 मिनट, दिल्ली (भारत) 14 घंटे 51 मिनट, रियाद (सऊदी अरब) 14 घंटे 37 मिनट, दुबई (यूएई) 14 घंटे 39 मिनट, हैदराबाद (भारत) 14 घंटे 9 मिनट, ओशिआनिया (अर्जेंटीना) 11 घंटे (सबसे छोटा)