गारो हिल्स स्वायत्त जिला परिषद (जीएचएडीसी) चुनाव नामांकन प्रक्रिया से जुड़ी हिंसा के बाद मेघालय के पश्चिम गारो हिल्स जिले में कर्फ्यू लगा दिया गया। इसके बाद मोबाइल इंटरनेट सेवाएं निलंबित कर दी गईं।
यह जानकारी मंगलवार को अधिकारियों ने दी। उन्होंने बताया कि कर्फ्यू 10 मार्च को लगाया गया था और यह 24 घंटे तक लागू रहेगा, जबकि मोबाइल इंटरनेट सेवाएं 48 घंटे तक निलंबित रहेंगी। यह वीडियो/विज्ञापन हटाएं यह भी पढ़ें- पश्चिम एशिया संकट: भारत में LPG आपूर्ति पर असर, चेन्नई-मुंबई-बंगलूरू के होटलों का कामकाज पड़ा ठप; एक्शन में सरकार विज्ञापन उपद्रवियों ने कई दुकानों में तोड़फोड़ किया सोमवार शाम को जिले के चिबिनांग इलाके में उपद्रवियों ने कई दुकानों में तोड़फोड़ किया।
इसके बाद इलाके में कर्फ्यू लगा दिया गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, जिला मजिस्ट्रेट विभोर अग्रवाल ने कहा कि यह निर्णय सार्वजनिक शांति और व्यवस्था में व्यवधान की संभावना से संबंधित सूचनाओं के बाद लिया गया, जिससे जिले में मानव जीवन और संपत्ति को खतरा हो सकता है। इस आराष्ट्र के तहत कर्फ्यू की अवधि के दौरान पश्चिम गारो हिल्स जिले की सीमा के भीतर किसी भी व्यक्ति का अपने निवास स्थान से बाहर निकलना प्रतिबंधित है। इंटरनेट सेवाओं को 48 घंटे के लिए निलंबित अधिकारियों ने जानकारी दी कि मौजूदा कानून व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए ये प्रतिबंध आवश्यक और उचित थे।
इनका उद्हिंदुस्तान्य सार्वजनिक शांति में किसी भी प्रकार की बाधा को रोकना था। एक अधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार ने अफवाहों के प्रसार को रोकने और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती उपाय के तौर पर 10 मार्च से पश्चिम गारो हिल्स जिले में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को 48 घंटे के लिए निलंबित करने का आदेश दिया है।
यह भी पढ़ें- Supreme Court: कोविड वैक्सीन के दुष्प्रभाव पर 'सुप्रीम' निर्देश, केंद्र सरकार को मुआवजा नीति बनाने को ब्योरा दी मजिस्ट्रेटों सहित वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी प्रभावित क्षेत्रों में डेरा डाले हुए हैं। स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं। इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई है। पुलिस और सीआरपीएफ कड़ी निगरानी रख रहे हैं।
जीएचएडीसी द्वारा जारी एक हालिया अधिसूचना को लेकर विवाद के बीच दुकानों में तोड़फोड़ की घटना घटी, जिसमें उम्मीदवारों को 10 अप्रैल को होने वाले परिषद मतदानों के लिए नामांकन पत्र दाखिल करते समय वैध अनुसूचित जनजाति (एसटी) प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने की आवश्यकता थी। डिएंगडोह ने पीटीआई को जानकारी दी, "हमने डीसी को सभी समुदायों को बुलाने और शांति समिति की बैठकें आयोजित करने और शांति की अपील करने के लिए कहा है है।" उन्होंने कहा कि पुलिस अधीक्षक द्वारा अधिक सुरक्षा कर्मियों की मांग के बाद जिले में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए जाएंगे। गौरतलब है कि उन्होंने कहा, "और अधिक बल भेजे जाएंगे।" उन्होंने कहा कि पश्चिम गारो हिल्स के उप आयुक्त को एक ऐसे उम्मीदवार के बारे में तथ्यात्मक सूत्रों प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है जिसे अपना नामांकन पत्र दाखिल करने से रोका गया था।
नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया 16 मार्च जीएचएडीसी चुनावों के लिए नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया सोमवार से प्रारंभ हो गई है और यह 16 मार्च तक जारी रहेगी, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 17 मार्च को निर्धारित है।पहले रोज किसी भी उम्मीदवार ने नामांकन पत्र दाखिल नहीं किया, क्योंकि राजनीतिक दलों ने उपायुक्त कार्यालय में ब्रीफिंग के बाद ही नामांकन पत्र एकत्र किए। डिएंगडोह ने आगे कहा, "नामांकन अवधि बढ़ाने की फिलहाल कोई प्लान नहीं है।
हम स्थिति का आकलन कर रहे हैं और रिपोर्टों का इंतजार कर रहे हैं। जैसे-जैसे स्थिति आगे बढ़ेगी, हम देखेंगे।" रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
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