गौरतलब है कि मुदावथ देवुला और भरत माथुर की सीबीआई हिरासत 2 दिन के लिए बढ़ा दी। सीबीआई ने आरोपियों को सबूतों से रूबरू कराने और जांच के लिए 5 रोज की हिरासत मांगी थी। सीबीआई की विशेष न्यायाधीश छवि कपूर ने सीबीआई और आरोपियों के वकीलों की दलीलें सुनने के बाद हिरासत की अवधि बढ़ा दी। अदालत ने सीबीआई को शुक्रवार को दोपहर 12:30 बजे आरोपियों को पेश करने का निर्देश दिया है।
अदालत ने आरोपियों के परिवार वालों को सीबीआई हिरासत में उनसे मिलने की अनुमति भी दी है। डीजीसीए के अधिकारी मुदावत देवुला और दूसरा एक बड़े कॉर्पोरेट ग्रुप के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट भरत माथुर पर आरोप है कि ड्रोन इम्पोर्ट की परमिशन दिलाने के बदले 2.5 लाख रुपए की रिश्वत ली गई। सीबीआई ने इनके घरों और दफ्तरों पर छापे मारे तो 37 लाख रुपए नकद, सोने-चांदी के सिक्के, और कई डिजिटल डिवाइस भी मिले।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कौन हैं मुदावत देवुला? मुदावत देवुला डीजीसीए के एयरवर्थनेस डायरेक्टरेट में डिप्टी डायरेक्टर जनरल के पद पर काम करते थे।
देवुला का काम यह तय करना होता है कि कोई विमान या ड्रोन उड़ान के लिए सुरक्षित है या नहीं। दूसरे गिरफ्तार शख्स भरत माथुर एक बड़े कॉर्पोरेट ग्रुप में सीनियर वाइस प्रेसिडेंट है और एक एयरोस्पेस कंपनी से भी जुड़ा हुआ है जो ड्रोन इम्पोर्ट के कारोबार में शामिल है।
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